जबरन नागपुर विधान भवन का नाम मिटाकर लिखा जाएगा विदर्भ भवन
नागपुर. इस वर्ष किसी भी कीमत पर पृथक विदर्भ राज्य का दर्जा लेकर ही रहेंगे। सरकार ने इस विषय में सकारात्मक फैसला नहीं लिया, तो 1 मई को काला दिवस मनाकर नागपुर विधान भवन पर ‘विदर्भ भवन’ लिखा जाएगा। किसान ब्रिगेड के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रकाश पोहरे ने पत्र परिषद में यह चेतावनी दी। विदर्भ राज्य आंदोलन समिति ने आंदोलन की रूपरेखा के लिए तिलक पत्रकार भवन में पत्र परिषद बुलाई थी।
कार्यालयों के बोर्ड पर लगाएंगे विदर्भ के स्टिकरविदर्भ राज्य आंदोलन समिति के वामनराव चटप ने कहा कि, विदर्भ के साथ अन्याय के िखलाफ आवाज उठाने 1 मई को सरकारी कार्यालयों के बोर्ड से महाराष्ट्र मिटाकर विदर्भ के स्टिकर लगाने का आंदोलन छेड़ा जाएगा। पत्र परिषद में अरुण केदार, मुकेश मासुरकर, प्रभाकर कोंडबत्तुनवार, तात्यासाहब मते, गुलाबराव धांडे, सुनीता येलने, रेखा निमजे, नीलकंठराव यावलकर, नरेश निमजे, संगीता अंबारे, नीलिमा सेलूकर, संतोष खोड़े, प्रशांत तागड़े आदि उपस्थित थे।
इच्छाशक्ति के अभाव में पिछड़ रहा विदर्भ : पोहरे ने कहा िक, अब तक सरकारों ने विदर्भ के साथ अन्याय किया है। सरकार की गलत नीति के कारण विदर्भ का सभी क्षेत्र में अनुशेष लगतार बढ़ रहा है। विदर्भ आर्थिक संपन्न है। उसे पृथक राज्य का दर्जा मिलने पर विकास को गति मिल सकती है। राजनीतिक इच्छाशक्ति के अभाव में विदर्भ पिछड़ रहा है।